Varanasi में दारोगा रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार
भ्रष्टाचार निवारण संगठन (एसीओ) ने वाराणसी के राजातालाब चौकी प्रभारी धर्मेंद्र कुमार शुक्ला को बीस हजार रुपये रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ लिया। आरोप है कि भूमि विवाद को लेकर दो पक्षों में हुई मारपीट के मामले में चौकी प्रभारी धारा कम करने, गिरफ्तारी न करने के बदले रिश्वत की मांग कर रहे थे। राजातालाब के रानीबाजार निवासी अंडा के थोक कारोबारी जय मोदनवाल की भीमचंडी में पुश्तैनी जमीन है। इसे लेकर पड़ोसी फर्नीचर कारोबारी धर्मेंद्र गुप्ता से बीते नौ जुलाई को मारपीट हो गई थी। जय ने धर्मेंद्र समेत पांच के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। एक माह पूर्व दोनो पक्षों ने आपस में सुलह–समझौता कर लिया था।
आरोप है कि घटना के समय राजातालाब थाना पर तैनात रहे विवेचक धर्मेंद्र कुमार शुक्ला इस मामले में धारा कम करने व गिरफ्तारी न करने के साथ ही फाइनल रिपोर्ट लगाने के लिए दो लाख रुपये की मांग कर रहे थे। उन्हें रुपये न देकर दोनों पक्षों ने अदालत में सुलह कर लिया। अदालत से सुलह का कागज आने के बाद भी चौकी प्रभारी रुपये की मांग करते रहे।
दोनों पक्षों के बीच सुलह–समझौता में गवाह रहे रानी बाजार (राजातालाब) निवासी श्यामलाल गुप्ता ने भ्रष्टाचार निवारण संगठन में प्रार्थना पत्र दिया। उनके निर्देश पर वादी–प्रतिवादी व गवाह शाम को बीस हजार रुपये लेकर राजातालाब चौकी पहुंचे। उनसे रुपये लेकर चौकी इंचार्ज ने जैसे ही अपने पास रखा तभी भ्रष्टाचार निवारण संगठन के निरीक्षक योगेंद्र कुमार के नेतृत्व में टीम ने प्रतापगढ़ के कुंडा थानांतर्गत तिलोरी गांव निवासी चौकी प्रभारी धर्मेंद्र कुमार शुक्ला को पकड़ लिया। उनसे बचकर दारोगा ने भागने की कोशिश की लेकिन चौकी के बाहर जुटी भीड़ ने पकड़ लिया और टीम को सौंप दिया। चौकी प्रभारी को साथ लेकर टीम मिर्जामुराद थाना पर पहुंची और पूछताछ करने के बाद मुकदमा दर्ज कराया।